Raj Bhasha

 राजभाषा कार्यन्वचन समिति

 

राजभाषा हिंदी प्रचार- प्रसार हेतु विद्दालय में सक्रिय गतिविधियाँ अपनाई ज़ा रही हैं जिसमें सभी अध्यापक, छात्र एवं कर्मचारी भरपूर सहयोग प्रदान कर रहे हैं। सज २०११२०१२ में हिंदी के उत्थान के लिए निम्न लिखित कदम उठाए गए हैं-

* प्रतिदिन श्याम पट पर हिन्दी शब्द एवं उसका अंग्रेजी रूप लिखा जा रहा है। 

*सूचनाँए हिन्दी एवं अंग्रेजी दोनो रुपों मे दी जाती है।

*पत्रों पर टिप्पणियाँ हिन्दी/अंग्रेजी दोनो ही भाषाओं में लिखी जाती है।

*संदर्भ पत्र हिन्दी में बनाए गए है।

*सभी आवश्यक फार्म (प्रारुप) द्विभाषी है।

*हिन्दी में प्राप्त पत्रों के उत्तर हिन्दी में दिए जा रहे है।

*काम में लाई जाने वाली मोहरें द्विभाषी है।

*सेवा पंजिका में हिन्दी में प्रविष्ठियाँ की जा रही है।

*उपस्थिति पंजिका में नाम दोनों भाषाओं में लिखे जाते हैं।

*कार्यालय में दिए जाने वाले पत्र हिन्दी में भरकर दिए जा रहे हैं।

*रोस्टर हिन्दी में बनाया गया है।

*विद्दालय कर्मचारियों की सूची दोनो भाषाओं में उपलब्ध है।

*प्रारुपों से सम्बोंधित जानकारी हिन्दी में लिखी गई है।

*प्राचार्या द्वारा टिप्पणियाँ हिन्दी में लिखी जा रही हैं।

*प्रमासिक रिपोर्ट नवीन प्रारुप में भरकर दी जा रही है।

*पुस्तकालय के लिए हिन्दी पुस्तकों की खरीद की गई है।

*आवक/जातक पंजिका बनाई गई है।

*फ्लैक्सी बोर्ड द्विभाषी है। 

*कक्षाओं एवं कार्यालय में उद्धरण लिखाए गए है।

*वेब-साइट द्विभाषी है।

*विद्दालय के लगभग ८०% कर्मचारी हिन्दी में कार्य करने की क्षमता रखते है।

*कम्प्यूटरों में बरहा एवं यूनीकोड साफ्टवेयर की सेवा उपलब्ध है।

*विद्दालय में आयोजित संगोषिठयों में वार्तालाप दोनों ही भाषाओं में किया जाता है।